पानीपत के इसराना में सोमवार को उपमंडल इसराना के तहत समाधान शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का उद्देश्य क्षेत्र की जनता की समस्याओं को सुनना और उनका त्वरित निवारण सुनिश्चित करना था। शिविर की अध्यक्षता एसडीएम नवदीप सिंह नैन ने की। इस अवसर पर उन्होंने उपस्थित सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी शिकायतों का निपटारा प्राथमिकता के आधार पर किया जाए ताकि लोगों को समय पर न्याय और राहत मिल सके।
समाधान शिविर में कुल तीन शिकायतें दर्ज की गईं और एसडीएम ने उन्हें गंभीरता से सुनने के बाद संबंधित विभागों को त्वरित समाधान के निर्देश दिए।
पहली शिकायत: प्रॉपर्टी हिस्सेदारी दर्ज करने की मांग
गांव बांध निवासी नवीन कुमार ने अपनी पहली शिकायत में बताया कि उनकी प्रॉपर्टी लाल डोरे के भीतर स्थित है और इसमें उनका पांचवां हिस्सा शामिल है। हालांकि, यह हिस्सा उनकी फैमिली आईडी में दर्ज नहीं है। नवीन कुमार ने प्रशासन से अनुरोध किया कि उनका हिस्सेदारी फैमिली आईडी में तुरंत दर्ज की जाए। एसडीएम ने इस मामले में संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि यह प्रक्रिया जल्द पूरी की जाए और शिकायतकर्ता को लिखित रूप से जानकारी दी जाए।
दूसरी शिकायत: फैमिली आईडी में गलत नाम जुड़ने की समस्या
शाहपुर निवासी चांद सिंह ने दूसरी शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनकी फैमिली आईडी में पांच सदस्य हैं, लेकिन किसी कारणवश एक विधवा महिला भूरो देवी का नाम भी शामिल हो गया है। जांच में पता चला कि यह महिला वर्तमान में पानीपत के ग्वालडा गांव में रहती है और पहले कुरुक्षेत्र के ढोल गांव की निवासी थी। गलत नाम जुड़ने से फैमिली आईडी की आय बढ़ गई थी। एसडीएम नवदीप सिंह नैन ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि महिला का नाम हटाकर फैमिली आईडी को सुधारने की प्रक्रिया तुरंत पूरी की जाए।

तीसरी शिकायत: राशन कार्ड बहाली की मांग
गांव बांध निवासी राजेंद्र पुत्र रतन सिंह ने तीसरी शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि वे बीमार हैं और परिवार में अकेले कमाने वाले व्यक्ति हैं। मजदूरी करके परिवार का भरण-पोषण करते हैं, लेकिन फैमिली आईडी में आय अधिक दर्ज होने के कारण उनका राशन कार्ड कट गया। राजेंद्र ने प्रशासन से अनुरोध किया कि उनकी आय सही करके राशन कार्ड बहाल किया जाए। इस मामले में भी एसडीएम ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
एसडीएम का संदेश: जनता की समस्याओं का प्राथमिक समाधान
एसडीएम नवदीप सिंह नैन ने कहा कि समाधान शिविरों का उद्देश्य लोगों की समस्याओं को मौके पर सुनना और उनका त्वरित निवारण करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा में शिकायतों का निपटारा करने के लिए कड़ा निर्देश दिया। उनका कहना था कि प्रशासन को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हर नागरिक को समय पर राहत और न्याय मिले और उन्हें बार-बार दफ्तर के चक्कर न लगाने पड़ें।
समाधान शिविर में दर्ज तीनों शिकायतें प्राथमिकता के आधार पर निपटाई जाएंगी। इससे यह संदेश जाता है कि प्रशासन जनता की समस्याओं के समाधान के लिए सक्रिय है और नागरिकों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है।
