पानीपत में जम्मू सब-जोनेल प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने हेल्थकेयर प्राइवेट लिमिटेड में पार्टनर नीरज भाटिया की लगभग 1 करोड़ रुपए मूल्य की संपत्ति जब्त कर दी है। इस कार्रवाई ने इलाके में हड़कंप मचा दिया। जांच एजेंसी ने यह कदम जम्मू नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) की रिपोर्ट के आधार पर उठाया, जिसमें नीरज भाटिया, निकेत कंसल और उनके सहयोगियों पर कोरेक्स और कोडीन खांसी सिरप को अवैध रूप से मोड़कर नशे के रूप में वितरित करने के आरोप लगाए गए थे।
ED की जांच में सामने आया कि हेल्थकेयर प्राइवेट लिमिटेड ने 2018 से 2024 के बीच बड़ी मात्रा में खांसी सिरप SS इंडस्ट्रीज, कंसल इंडस्ट्रीज, नोवेटा फार्मा, कंसल फार्मास्यूटिकल्स और NK फार्मास्यूटिकल्स को सप्लाई किया। जांच में यह भी पता चला कि यह सिरप श्रीनगर निवासी रईस अहमद भट्ट तक पहुंचा, जहां जनवरी 2024 में NCB ने भारी मात्रा में खांसी सिरप जब्त किया था।
फरवरी 2025 की छापेमारी में बरामदगी
फरवरी 2025 में ED ने नीरज भाटिया और निकेत कंसल के आवासों पर छापेमारी कर 32 लाख रुपए नकद और 1.61 करोड़ रुपए के आभूषण जब्त किए थे। इसके बाद पानीपत स्थित कंपनी की जमीन को अचल संपत्ति के रूप में अधिस्थगित कर दिया गया।
नीरज भाटिया सिरमौर ड्रग मैन्युफैक्चरिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष भी हैं। जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली में कोडीन खांसी सिरप तस्करी के गिरोह ने लगभग 7 साल तक अवैध कारोबार किया। अब तक गिरोह के 7 सदस्य गिरफ्तार किए जा चुके हैं और 34 किलो कोडीन सिरप बरामद किया जा चुका है।
9 महीने पहले की रेड और बरामदगी

इससे पहले 9 महीने पहले पानीपत के वरिष्ठ भाजपा नेता नीतिसैन भाटिया के घर ED ने 17 घंटे तक रेड की थी। इस दौरान उनके मॉडल टाउन स्थित आवास से 6 लाख रुपए नकद, 50-60 ज्वेलरी के खाली डिब्बे और विदेशी शराब बरामद की गई थी। ED ने उनके घर से 3 बड़े बॉक्स और एक थैला भी अपने कब्जे में लिया था, जिसमें क्या सामान था, इस पर कोई औपचारिक जानकारी नहीं दी गई। इसके साथ ही उनके घर से 5 वाहनों का विवरण भी जांच में लिया गया।
कार्रवाई का असर और आगे की जांच
पानीपत में इस कार्रवाई से इलाके में चौकसी बढ़ गई है। ED ने नीरज भाटिया और निकेत कंसल के खिलाफ अपराधी संपत्ति अधिनियम के तहत भी कार्रवाई करने की तैयारी शुरू कर दी है। जांच में यह भी सामने आया कि यह गिरोह सिरप की आपूर्ति दिल्ली, जम्मू-कश्मीर और हिमाचल में बड़े पैमाने पर करता रहा है।
जांच अधिकारियों का कहना है कि संपत्ति जब्ती के अलावा आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह मामला केंद्रीय नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो और ED के संयुक्त प्रयास का परिणाम है।
पानीपत और आसपास के लोग इस कार्रवाई को नशा तस्करी के खिलाफ सख्त संदेश मान रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि ऐसे मामलों में संपत्ति जब्त करना और तस्करों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करना जरूरी है ताकि भविष्य में ऐसे अवैध कारोबार को रोका जा सके।
