कैथल जिले में एक युवक के साथ लूटपाट, मारपीट और ब्लैकमेलिंग करने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान सीवन हाल भैनी माजरा मोड़, कैथल निवासी रवि के रूप में हुई है। यह वही आरोपी है जो लंबे समय से पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहा था। रवि पर चोरी और ब्लैकमेलिंग के कुल 10 मामले पहले से ही दर्ज हैं।
यह पूरा मामला उस समय सामने आया, जब गांव मटौर निवासी पीड़ित सोनू ने थाना शहर में शिकायत दी। सोनू गांव में कबाड़ी का काम करता है। उसने पुलिस को बताया कि 24 मई को उसे एक अज्ञात नंबर से फोन आया। फोन करने वाली एक महिला थी, जिसने कबाड़ का सामान बेचने के बहाने उसे कैथल बुलाया। महिला ने कहा कि उसके घर पर पुराना सामान पड़ा है, जिसे वह बेचना चाहती है। इस पर सोनू बाइक से कैथल के चीका चौक पहुंचा।
महिला ने घर पर बुलाकर फंसाया
चीका चौक पर महिला उसे मिली और सामान दिखाने के बहाने अपने घर ले गई। जैसे ही सोनू घर के अंदर पहुंचा, उसने देखा कि पहले से ही कमरे में 1 लड़की, 1 महिला, 4 लड़के और 1 बुजुर्ग मौजूद थे। उसे देखते ही आरोपियों ने कमरे का दरवाजा बंद कर दिया।
इसके बाद सोनू के साथ जमकर मारपीट की गई। आरोपियों ने उसकी जेब से 10 हजार रुपए निकाल लिए और मारपीट करते हुए उससे जबरन 40 हजार रुपए गूगल पे के जरिए ट्रांसफर करवा लिए।
फोन अनलॉक न करने पर बनाई अश्लील वीडियो
जब सोनू ने फोन का लॉक खोलने से इनकार किया तो आरोपियों ने उसे और अधिक डराने-धमकाने के लिए एक लड़की के साथ उसकी अश्लील वीडियो और फोटो बना ली। वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर उसे डराया गया और ब्लैकमेल किया गया।
पीड़ित के अनुसार, आरोपियों ने कहा कि यदि उसने किसी को बताया तो उसकी वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर दी जाएगी। डर के कारण सोनू ने उसी समय कुछ नहीं कहा, लेकिन बाद में हिम्मत जुटाकर थाना शहर में शिकायत दी।

मुख्य आरोपी रवि गिरफ्तार
इस मामले में पुलिस पहले ही दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी। मुख्य आरोपी रवि फरार था। पुलिस ने आरोपी की तलाश में कई जगह दबिश दी और अंततः उसे शुगर मिल कॉलोनी, कैथल से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस प्रवक्ता प्रवीन श्योकंद के अनुसार:
- आरोपी रवि के खिलाफ
- थाना सीवन में चोरी के 4 मामले
- थाना सदर में चोरी के 3 मामले
- थाना शहर में ब्लैकमेलिंग का 1 व चोरी का 1 मामला
- थाना सदर बिलासपुर में चोरी का 1 मामला
दर्ज है।
- आरोपी से मामले में गहराई से पूछताछ चल रही है।
- उसके अन्य साथियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
पुलिस ने पीड़ित को दिलाई राहत
पुलिस का कहना है कि यह मामला संगठित रूप से की गई ब्लैकमेलिंग और लूट का है, जिसमें महिलाओं को भी शिकार फंसाने के लिए शामिल किया गया था। आरोपी गिरोह पहले भी कई युवकों को इसी प्रकार फंसाकर ब्लैकमेल कर चुका है।
पीड़ित सोनू ने पुलिस कार्रवाई पर संतुष्टि जताई और उम्मीद जताई कि जल्द ही गिरोह के सभी सदस्य गिरफ्तार होंगे।
