हरियाणा के हिसार में मुख्यमंत्री नायब सैनी ने महिलाओं को राहत देते हुए लाडो लक्ष्मी योजना में बड़ा बदलाव करने का संकेत दिया है। उन्होंने कहा कि अब महिलाओं को आर्थिक सहायता दो किस्तों में दी जाएगी। अधिकारियों के साथ चर्चा के बाद यह निर्णय लिया गया है ताकि महिलाओं को इस राशि को रोजगार या किसी बड़े काम में उपयोग करने का अवसर मिले।
लाडो लक्ष्मी योजना की शुरुआत 2024 विधानसभा चुनाव के घोषणा-पत्र में महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण देने के वादे के साथ हुई थी। मार्च 2025 में मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बजट भाषण में योजना का औपचारिक ऐलान किया और इसके लिए 5,000 करोड़ रुपए का प्रावधान रखा। योजना सितंबर 2025 में लॉन्च हुई और हरियाणा दिवस 1 नवंबर को 2,100 रुपए की मासिक किस्त DBT के माध्यम से महिलाओं के खातों में भेजी गई।
हरियाणा दिवस पर पहली किस्त के तहत 5,22,162 महिलाओं के खातों में कुल 109 करोड़ रुपए ट्रांसफर किए गए। इसके लिए 6,97,697 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 6,51,529 विवाहित महिलाएं और 46,168 कुंवारी हैं। परिवार पहचान पत्र की बजाय आधार कार्ड की आय डेटा का उपयोग किया गया, इसलिए पात्र महिलाओं की संख्या अनुमान से कम रही। पहले सरकार ने दावा किया था कि 19.62 लाख महिलाएं इस योजना का लाभ लेंगी।
मुख्यमंत्री ने हिसार में दादा बाढ़ देव जन्मोत्सव कार्यक्रम में घोषणा की कि अब योजना की राशि साल में दो बार (12600-12600) दी जाएगी। इस कदम का उद्देश्य महिलाओं पर बड़ा संदेश देना और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। बिहार में इसी तरह मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत 10-10 हजार रुपए दो किस्तों में दिए जाने का परिणाम चुनावी दृष्टि से लाभकारी रहा था। इसी उदाहरण को देखते हुए हरियाणा सरकार भी महिलाओं के खातों में साल में दो बार बड़ी रकम ट्रांसफर करने की योजना बना रही है।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने युवाओं के लिए नई नौकरियों, नए IMT खोलने और गांवों के विकास से जुड़े ऐलान भी किए। उन्होंने दादा बाढ़ देव के सिद्धांतों का पालन करने और खाप पंचायतों को नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान में सहयोग देने की भी बात कही।
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने संकल्प पत्र के 217 वादों में से पहले साल में 50 वादे पूरे किए हैं। इसके अलावा, गांव खरक पूनिया में सामुदायिक केंद्र और पुस्तकालय बनाने की योजना की घोषणा की गई, और स्कूल को मॉडल संस्कृत स्कूल के रूप में विकसित किया जाएगा।
बीजेपी प्रभारी सतीश पूनिया ने मंच से कहा कि पहले हरियाणा के मुख्यमंत्री एक जाति के होते थे, लेकिन अब हरियाणा का मुख्यमंत्री पूरी कौम का है। उन्होंने प्रदेश महामंत्री सुरेंद्र पूनिया को इस कार्यक्रम के लिए बधाई दी और कहा कि दादा बाढ़ को याद करने का इससे अच्छा अवसर और कोई नहीं हो सकता।
इस प्रकार लाडो लक्ष्मी योजना में बदलाव, महिलाओं को दी जाने वाली दो बड़ी किस्तें और राज्य के विभिन्न विकासात्मक घोषणाएँ यह स्पष्ट करती हैं कि हरियाणा सरकार महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और गांवों के समग्र विकास को प्राथमिकता दे रही है।
