फतेहाबाद जिले के कई गांवों में सेमग्रस्त भूमि की स्थिति को लेकर कांग्रेस सांसद कुमारी सैलजा द्वारा जताई गई चिंता पर अब राज्य सरकार ने कार्रवाई शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सांसद सैलजा को पत्र लिखकर बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में भूमि सुधार कार्य पहले ही शुरू कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री कार्यालय से जारी पत्र के अनुसार, बनमंडोरी, खाबर कलां, पिलनवासरी, बडोला और चंदल मोरी गांवों में सोलर प्रचलित कम गहराई वाले ट्यूबवेल लगाकर भूमि सुधार का कार्य चल रहा है। इस योजना से लगभग 10 हजार एकड़ भूमि को पुनः कृषि योग्य बनाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बताया कि अगली कड़ी में खोदद, मोहम्मदपुर रोही, बिझुआ और भिखुपुर जाट्टी जैसे गांवों में भी सोलर ट्यूबवेल लगाने और नहरों से सिंचाई सुविधा का विस्तार करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि आगामी चार से पाँच माह में सेमग्रस्त भूमि की स्थिति में उल्लेखनीय सुधार होगा और प्रभावित किसानों को बड़ी राहत मिलेगी।
सांसद कुमारी सैलजा ने फतेहाबाद के इन गांवों की समस्या को लोकसभा में भी उठाया था। मुख्यमंत्री के इस जवाब को लेकर अब किसानों में उम्मीद जगी है कि लंबे समय से सेम की समस्या झेल रहे इलाकों की जमीन दोबारा उपजाऊ बनेगी।
