भिवानी के TIT&S में “टेक्नोवेट – अन्वेषण करें, सृजन करें, विकास करें” के तहत भव्य टेकफेस्ट आयोजित हुआ। 24 प्रतियोगिताओं में छात्रों ने तकनीकी और प्रबंधकीय कौशल का प्रदर्शन किया। डीआरडीओ और उद्योग विशेषज्ञों ने युवाओं को नवाचार और रिसर्च में जुड़ने का मार्गदर्शन किया।
भिवानी के द टेक्नोलॉजिकल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्सटाइल एंड साइंसेस (TIT&S) में “टेक्नोवेट – अन्वेषण करें, सृजन करें, विकास करें” के तहत भव्य टेकफेस्ट का आयोजन किया गया। इस अवसर पर धर्मेश टेक्सटाइल के प्रबंध निदेशक धर्मेश शाह मुख्य अतिथि थे, जबकि डीआरडीओ, भारत सरकार के सेप्टम चेयरमैन डॉ. मनोरंजन पात्रि तकनीकी सत्र के मुख्य वक्ता थे।
संस्थान के निदेशक प्रो. बी.के. बेहरा ने मुख्य अतिथि, मुख्य वक्ता और सभी प्रतिभागियों का स्वागत किया। टेकफेस्ट में कुल 24 तकनीकी एवं प्रबंधकीय प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं, जिनमें टेक्निकल पोस्टर प्रेजेंटेशन, हैकाथॉन, पेपर वीविंग चैलेंज, टेक क्विज, प्रोडक्ट लॉन्च सिमुलेशन, प्रिंट योर स्टोरी, एनिमेनिया, ब्लेंड इट, नुक्कड़ जंक्शन और ऑनलाइन गेमिंग जैसी रोचक गतिविधियां शामिल रहीं।
प्रतिभागियों और विजेताओं की सूची
हैकाथॉन में प्रथम स्थान नंदिनी, नूपुर और दीक्षा को मिला। द्वितीय स्थान पर हेमलता, खुशबू, खुशी और चेनिका रहे। तृतीय स्थान तेजस, कार्तिक और विशाल ने प्राप्त किया।

क्लैश ऑफ चैंपियंस में प्रथम स्थान मोक्ष, निखिल, विवेक और पारस को मिला, जबकि द्वितीय स्थान हनु, सुजल, यश और आशीष को रहा।
एनीमेनिया में प्रथम स्थान नियति और निष्ठा को मिला, द्वितीय स्थान यशस्वी और अनिरुद्ध गोयल तथा तृतीय स्थान श्रुति और भावना ने प्राप्त किया।
परसुएड–थ्रू पीपीटी में प्रथम स्थान चेतन्या और दीपेंद्र, द्वितीय स्थान आयुष, मोनिका और खुशी तथा तृतीय स्थान सिद्धिमा और दियामु को मिला।
डीआरडीओ से जुड़ सकते हैं युवा
मुख्य वक्ता डॉ. मनोरंजन पात्रि ने भारत में रक्षा अनुसंधान और तकनीकी नवाचार पर विस्तृत व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि भारत आत्मनिर्भर रक्षा प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है। DRDO की परियोजनाएं न केवल रक्षा बलों के लिए, बल्कि उद्योग, शिक्षा और युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थी नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को अपनाकर राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। युवाओं को तकनीकी अनुसंधान और रचनात्मकता के माध्यम से DRDO और अन्य वैज्ञानिक परियोजनाओं में जुड़ने के अवसर मिल सकते हैं।
तकनीकी नवाचार देश की प्रगति की शक्ति
मुख्य अतिथि धर्मेश शाह ने कहा कि तकनीकी नवाचार देश की प्रगति की सबसे बड़ी शक्ति है। युवाओं को सृजनात्मकता और अनुसंधान की भावना के साथ उद्योग जगत की आवश्यकताओं को समझना चाहिए। TIT&S जैसे संस्थान ऐसे नवोन्मेषी प्रयासों से भारत के भविष्य को दिशा दे रहे हैं।
संस्थान के निदेशक प्रो. बी.के. बेहरा ने कहा कि टेकफेस्ट विद्यार्थियों में नवोन्मेष, तकनीकी जिज्ञासा और नेतृत्व भावना को बढ़ावा देने का माध्यम है।
कार्यक्रम के अंत में विजेताओं को पुरस्कृत किया गया और आयोजक समिति ने सभी प्रतिभागियों, अतिथियों एवं प्रायोजकों का आभार व्यक्त किया।
