भिवानी के युवा शूटर आशीष पंघाल का राष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन
खेल नगरी भिवानी की खेल प्रतिभाओं की चमक एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर दिखाई दी है। यहाँ के युवा शूटर आशीष पंघाल ने हाल ही में मध्य प्रदेश के इंदौर में आयोजित ऑल इंडिया इंटर-स्कूल अंडर-19 शूटिंग चैंपियनशिप में दो स्वर्ण पदक जीतकर जिले का नाम रोशन किया है।
सफलता पर सम्मान और आशीर्वाद
आशीष की इस उत्कृष्ट उपलब्धि पर सेक्टर-13 रेजीडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान और आजीवन उपलब्धि पुरस्कार प्राप्त रामकिशन शर्मा तथा समाजसेवी डॉ. फूल सिंह धनाना ने उन्हें सम्मानित किया और भविष्य के लिए आशीर्वाद दिया। डॉ. फूल सिंह धनाना ने कहा कि इतनी कम उम्र में राष्ट्रीय स्तर पर 2 स्वर्ण पदक जीतना पूरे भिवानी जिले के लिए गर्व की बात है।
डॉ. फूल सिंह ने आगे कहा कि भिवानी को पहले से ही खेलों की नर्सरी के रूप में जाना जाता है और आशीष जैसे युवा राष्ट्रीय स्तर पर जिले की पहचान को मजबूत कर रहे हैं। उन्होंने ग्रामीण पृष्ठभूमि से निकलकर राष्ट्रीय स्तर तक पहुँचने के आशीष के सफर को प्रदेश के लिए प्रेरक बताया।
दो स्वर्ण पदक की शानदार उपलब्धि
युवा शूटर ने 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में यह दोहरी उपलब्धि हासिल की। उन्होंने व्यक्तिगत वर्ग और टीम वर्ग दोनों में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए गोल्ड मेडल जीते। आशीष ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता राजनारायण पंघाल और रीना पंघाल, कोच और परिवार को दिया।
खेल प्रेमियों और समाजसेवियों की बधाई

इस अवसर पर राष्ट्रीय सचिव धीरज सिंह, पूर्व चेयरमैन विजय पंचगांवा, पूर्व जिला पार्षद रेणु बाला, प्रधान दिलबाग सांगवान, प्रधान धर्मबीर नेहरा, राजपाल आईजी, कमल प्रधान, पार्षद सूर्य तंवर, रामदेव तायल, पूर्व प्रधान बलवान, कोच भूपेंद्र, पार्षद संदीप यादव और अन्य खेल प्रेमियों ने आशीष को बधाई दी।
भिवानी की खेल प्रतिभा की पहचान
भिवानी के खेल क्षेत्र ने हमेशा राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर चमक दिखाई है। आशीष की यह सफलता जिले की खेल प्रतिभाओं के उज्जवल भविष्य का संकेत देती है। उनके इस प्रदर्शन से युवा खिलाड़ियों में भी उत्साह और प्रेरणा का संचार हुआ है।
डॉ. फूल सिंह धनाना ने आशीष को भविष्य की राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन करने की शुभकामनाएं दीं और उम्मीद जताई कि उनकी प्रतिभा और भी चमकदार प्रदर्शन करेगी।
सफलता की कहानी
आशीष का यह सफर ग्रामीण पृष्ठभूमि से निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने का प्रेरक उदाहरण है। उनके इस दोहरी स्वर्ण जीतने की उपलब्धि से भिवानी के युवा खिलाड़ियों को यह संदेश गया है कि मेहनत और समर्पण से किसी भी चुनौतीपूर्ण खेल में सफलता हासिल की जा सकती है।
भिवानी जिले की खेल प्रतिभा अब देश के मंच पर अपने नाम के साथ-साथ जिले का नाम भी चमका रही है। आशीष पंघाल ने साबित कर दिया है कि प्रतिभा और मेहनत से युवा खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर पर भी शीर्ष पर पहुँच सकते हैं।
