कैथल में पुलिस विभाग के कर्मचारी वीरेंद्र सिंह के नाम से एक लेटर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। वायरल पत्र में एसआई ने लिखा कि वह अपने वेतन से किसी भी कर्मचारी की सहायता नहीं करना चाहते। एसपी उपासना ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में नहीं आया है।
कैथल में पुलिस कर्मचारी के नाम से लेटर वायरल, एसपी बोलीं—मामला संज्ञान में नहीं
कैथल जिले में पुलिस विभाग के एक कर्मचारी के नाम से सोशल मीडिया पर एक लेटर वायरल हो गया है। इस लेटर में कर्मचारी खुद को स्पेशल डिटेक्टिव यूनिट का उप निरीक्षक बता रहा है। लेटर में कर्मचारी का नाम वीरेंद्र सिंह बताया गया है। यह पत्र 24 अक्टूबर को वायरल हुआ।
वायरल लेटर में लिखा गया है कि जिले में तीन पुलिस कर्मचारियों—एसआई कृष्ण कुमार, एएसआई राममेहर और एएसआई राजेंद्र कुमार—का आकस्मिक निधन हो गया है। लेटर में आगे लिखा गया कि उनके परिवार और बच्चों की कोई मदद नहीं की गई। इस पत्र में कहा गया कि वीरेंद्र सिंह अपने वेतन से किसी को सहायता नहीं देना चाहते और उनके वेतन से कोई कटौती न की जाए।

हालांकि, कर्मचारी वीरेंद्र सिंह ने इस पत्र को वायरल होने से इंकार किया है। उन्होंने कहा कि यह पत्र उन्होंने नहीं लिखा और उन्हें नहीं पता कि यह कहाँ से आया।
इस मामले पर कैथल एसपी उपासना ने कहा कि अभी तक उनके संज्ञान में ऐसा कोई मामला नहीं आया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर ऐसा कोई लेटर उनके पास आया होता, तभी इस पर कुछ कहा जा सकता था।
वायरल लेटर में एएसआई संदीप कुमार के संदर्भ में भी उल्लेख था, जिन्होंने हाल ही में रोहतक में आत्महत्या की थी और उसका वीडियो सोशल मीडिया पर जारी किया गया था।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि इस मामले की सत्यता की पुष्टि नहीं की गई है। दैनिक भास्कर ऐप ने भी इस लेटर की पुष्टि नहीं की है।
इस घटना से पुलिस विभाग और स्थानीय लोगों में असमंजस और चिंता का माहौल है। सोशल मीडिया पर इस तरह के फर्जी लेटर वायरल होने की घटनाओं पर सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।
