पानीपत के इसराना थाना क्षेत्र के प्रदीप हत्याकांड से जुड़ी बड़ी जानकारी सामने आई है। पुलिस ने जांच के दौरान नहर में फेंकी गई मोटरसाइकिल को बरामद कर लिया है। इस मामले में एक आरोपी श्रवण को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि मुख्य आरोपी अंकुश उर्फ बहादुर अभी भी फरार है।
पुलिस जांच के अनुसार, 10 सितंबर को बुडशाम निवासी प्रदीप अपनी ड्यूटी से लौट रहा था, तभी हड़ताड़ी गांव के पास उसे अंकुश उर्फ बहादुर मिला। दोनों ने पशु अस्पताल के पास बैठकर शराब पी। कुछ देर बाद श्रवण और सोनू भी वहां पहुंचे।
सोनू के जाने के बाद प्रदीप और अंकुश के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। इसके बाद तीनों प्रदीप की मोटरसाइकिल पर बैठकर नहर ठेके की ओर गए। वहां श्रवण ने प्रदीप के हाथ पकड़े और अंकुश ने परने से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी।

हत्या के बाद सबूत मिटाने के लिए आरोपियों ने प्रदीप के शव और मोटरसाइकिल को नहर में फेंक दिया।
मामला सामने आने के बाद नारकोटिक्स विभाग ने कार्रवाई करते हुए हड़ताड़ी निवासी श्रवण को हिरासत में लिया। पूछताछ में श्रवण ने अपराध कबूल किया और बताया कि उसने अंकुश के साथ मिलकर प्रदीप की हत्या की थी।
13 सितंबर को प्रदीप की मां रानी ने थाना समालखा में बेटे के लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। गिरफ्तार आरोपी श्रवण की निशानदेही पर पुलिस ने नहर से मोटरसाइकिल बरामद की है। फिलहाल मुख्य आरोपी अंकुश उर्फ बहादुर की तलाश जारी है।
