रोहतक: जिले में शनिवार को महम बाइपास पर एक दर्दनाक सड़क हादसे में मां-बेटी की मौत हो गई। स्कूटी सवार दोनों को एक ट्रक ने कुचल दिया, जिससे उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। हादसे की सूचना मिलते ही डीएसपी ऋषभ सोढ़ी और एसएचओ सुभाष पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।
मृतकों की पहचान गांव मिताथल निवासी 35 वर्षीय सुनीता और उनकी 12 वर्षीय बेटी परी के रूप में हुई है। सुनीता रिटायर्ड फौजी रवींद्र की पत्नी थीं और परी उनकी बेटी थी। हादसे के बाद स्कूटी ट्रक में फंसी हुई थी और दोनों के शव सड़क पर क्षत-विक्षत अवस्था में पड़े मिले।
मृतका सुनीता के पति रवींद्र और उनका 8 वर्षीय बेटा एक कार में उनके पीछे ही चल रहे थे। जब वे घटनास्थल पर पहुंचे, तो उन्होंने अपनी पत्नी और बेटी की स्कूटी को ट्रक के नीचे फंसा देखा। रवींद्र ने बताया कि उनकी बेटी परी केंद्रीय विद्यालय में सातवीं कक्षा की छात्रा थी।
जानकारी के अनुसार, रवींद्र अपनी बेटी को स्कूल से घर लाने गए थे। इसके बाद, वे बेटे के साथ खरीदारी करने रोहतक आए। खरीदारी के बाद सुनीता अपनी बेटी को स्कूटी पर लेकर मिताथल गांव के लिए रवाना हुईं, जबकि रवींद्र अपनी कार में पीछे चल रहे थे। महम बाइपास पर रोहतक की ओर से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी।
पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पीजीआई रोहतक के डेड हाउस में रखवा दिया है। रविवार को पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए जाएंगे।

