हिसार के 12 क्वार्टर क्षेत्र में सड़क निर्माण में लगातार देरी को लेकर स्थानीय निवासियों ने अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। लंबे समय से जर्जर सड़क और टूटी हुई वाटर सप्लाई पाइप की समस्या से परेशान लोग अपने अधिकारों की मांग के लिए सड़कों पर उतर आए।
स्थानीय निवासियों ने विधायक सावित्री जिंदल और मेयर प्रवीण पोपली के होर्डिंग्स को सड़क के बीच रखकर उनकी आरती उतारी और नारेबाजी की। यह प्रदर्शन जर्जर सड़क और जलापूर्ति पाइप की मरम्मत में हो रही देरी के विरोध में किया गया।
स्थानीय निवासी ललित भाटिया ने बताया कि सड़क के नीचे पानी की पाइप टूटी हुई है, लेकिन मरम्मत का कार्य अब तक नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि कई बार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से आश्वासन मिलने के बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है। इसके कारण क्षेत्रवासियों को न केवल आवाजाही में कठिनाई हो रही है बल्कि जलापूर्ति में भी समस्या उत्पन्न हो रही है।
स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान बड़े वादे करने वाली विधायक सावित्री जिंदल अब जनता की समस्याओं पर ध्यान नहीं दे रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि नगर निगम और पब्लिक हेल्थ विभाग एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालकर समस्या का समाधान नहीं कर रहे हैं।
इससे पहले भी निवासियों ने नगर निगम कार्यालय में ढोल बजाकर विरोध प्रदर्शन किया था, लेकिन अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। यही कारण है कि रविवार को उनका विरोध और अधिक तीव्र रूप ले गया।
सामाजिक कार्यकर्ता राजीव सरदाना ने चेतावनी दी कि दो चरणों में विरोध प्रदर्शन हो चुका है। उन्होंने कहा कि यदि जल्द ही सड़क और जलापूर्ति पाइप का कार्य शुरू नहीं हुआ, तो पब्लिक हेल्थ विभाग के सामने ढोल बजाकर बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा। इसके अलावा, उन्होंने नेताओं की ‘शव यात्रा’ निकालने की भी चेतावनी दी।

विरोध प्रदर्शन में शामिल लोगों ने यह भी कहा कि वे क्षेत्र की समस्याओं को लेकर लंबे समय से परेशान हैं। जर्जर सड़कें और टूटी हुई पाइप नागरिकों की रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित कर रही हैं। उन्होंने कहा कि अगर स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधि समय रहते कार्रवाई नहीं करेंगे, तो लोग और बड़े पैमाने पर आंदोलन करेंगे।
विशेषज्ञों का कहना है कि सड़क और जलापूर्ति जैसी बुनियादी सुविधाओं में देरी लोगों के जीवन को सीधे प्रभावित करती है। स्थानीय प्रशासन का कर्तव्य है कि वे समय पर मरम्मत और निर्माण कार्य को पूरा कर नागरिकों की परेशानियों को कम करें।
हिसार के 12 क्वार्टर क्षेत्र की यह घटना यह दर्शाती है कि जब प्रशासन और जनप्रतिनिधि समय पर अपनी जिम्मेदारियों का पालन नहीं करते, तो लोग अनूठे और जोरदार तरीकों से अपनी समस्याओं का विरोध करने को मजबूर होते हैं।
स्थानीय लोग और सामाजिक कार्यकर्ता लगातार प्रशासन को याद दिला रहे हैं कि क्षेत्रवासियों की मूलभूत सुविधाओं का ख्याल रखना उनकी प्राथमिकता होनी चाहिए। प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की सक्रियता ही भविष्य में ऐसे विरोध प्रदर्शनों को रोक सकती है और नागरिकों के विश्वास को बनाए रख सकती है।
इस विरोध प्रदर्शन ने यह भी स्पष्ट कर दिया कि जनता अपनी समस्याओं के प्रति सजग है और अगर उनके अधिकारों की उपेक्षा होती है, तो वे उसे शांतिपूर्ण और प्रभावी तरीके से उठाने से पीछे नहीं हटेंगे।
