हिसार/चुरू | विशेष रिपोर्ट
हरियाणा के हिसार ज़िले के रहने वाले जीजा-साला समेत तीन श्रद्धालुओं की राजस्थान के चुरू ज़िले में सड़क हादसे में मौत हो गई। तीनों पैदल हाथ में ध्वजा लेकर सालासर बालाजी के दर्शन के लिए जा रहे थे। रविवार सुबह करीब 7 बजे हिसार-जयपुर हाईवे पर होटल पैराडाइज के पास एक अज्ञात वाहन ने तीनों को जोरदार टक्कर मार दी और फरार हो गया।
हादसे में तीनों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों की पहचान इस प्रकार हुई है👇
- 🧍♂️ प्रीतम सिंह (34) — पेट्रोल पंप पर सेल्समैन, हिसार निवासी
- 🧍♂️ सुरेंद्र ढांडा (32) — निजी एकेडमी में कर्मचारी, हिसार निवासी
- 🧍♂️ मनजीत (30) — किसान, हांसी निवासी व सुरेंद्र का जीजा
हादसे की जानकारी मिलते ही परिजन चूरू के डीबी अस्पताल पहुंच गए।
2 पॉइंट में समझिए — कैसे हुआ हादसा
1️⃣ पैदल यात्रा पर निकले थे
परिजनों के अनुसार तीनों श्रद्धालु 2 अक्टूबर की सुबह 4 बजे आदमपुर के न्यौली कला गांव से सालासर बालाजी के लिए रवाना हुए थे। वे पैदल यात्रा पर थे और एक बाइक भी साथ ले गए थे जिस पर सामान लदा था।
2️⃣ साथी आगे निकल गए, पीछे हुआ हादसा
हादसे के समय तीनों सड़क किनारे पैदल चल रहे थे, जबकि बाइक पर बैठे दो अन्य साथी आगे निकल गए थे। लगभग एक घंटे बाद जब साथी उन्हें खोजते हुए लौटे, तब हादसे की जानकारी मिली। इसके बाद वे सीधे अस्पताल पहुंचे और परिवार को सूचना दी।
घटना में दो अन्य घायल भी
इस हादसे में चूरू जिले के दो व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हुए —
- प्रशांत (19) — लंबोर छिपियान निवासी
- विकास (36) — रतनपुरा निवासी
दोनों को सिर में गंभीर चोटें आईं। उन्हें डीबी अस्पताल से हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है। फिलहाल पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश और जांच में जुटी है।
प्रीतम था परिवार का इकलौता बेटा
मृतक प्रीतम (34) अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। वह विवाहित था और दो छोटे बच्चों का पिता था। पेट्रोल पंप पर सेल्समैन की नौकरी से ही वह परिवार का पालन-पोषण करता था।
वहीं सुरेंद्र (29) भी विवाहित था और उसका एक बेटा है। सुरेंद्र घर का बड़ा बेटा था।
मनजीत की करीब एक साल पहले शादी हुई थी और उसका 6 महीने का बेटा है।
