जिले में पुलिस के लिए जमानत या पैरोल पर बाहर आए अपराधी अब बड़ी चुनौती बन गए हैं। पानीपत में ऐसे 1106 अपराधी हैं जो बेल या पैरोल पर रिहा होने के बाद अदालत में पेश नहीं हो रहे और लगातार पुलिस से बचते फिर रहे हैं। पुलिस के लिए इनका पता लगाना अब मुश्किल साबित हो रहा है।
पुलिस ने इन फरार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान चलाया, लेकिन 6 माह की कार्रवाई में केवल 110 अपराधियों को ही पकड़ा जा सका। बाकी की तलाश अभी भी जारी है।
डीएसपी मुख्यालय सतीश वत्स ने बताया कि बेल जंपर अपराधियों को पकड़ने के लिए पुलिस की स्पेशल टीमें लगातार काम कर रही हैं। कई को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जबकि बाकी अपराधियों की गिरफ्तारी जल्द सुनिश्चित की जाएगी।
नशा तस्करी, लूट और चोरी के मामले ज्यादा

पुलिस के अनुसार, इन फरार अपराधियों में नशा तस्करी, चोरी, लूट और मारपीट जैसे गंभीर मामलों में शामिल लोग भी हैं। इनमें कई उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान जैसे अन्य राज्यों के निवासी हैं, जिन्हें पानीपत में गिरफ्तार किया गया था। लेकिन जमानत मिलने के बाद यह अपने राज्य लौटकर फरार हो गए।
अब पुलिस उनके स्थायी पते पर टीम भेजकर तलाश कर रही है।
कोर्ट के बार-बार वारंट जारी, पुलिस के लिए चुनौती
पानीपत कोर्ट की ओर से बार-बार गिरफ्तारी वारंट जारी किए जा रहे हैं, लेकिन पुलिस अब तक सभी पर कार्रवाई नहीं कर पाई है। कई मामलों में अपराधियों के घरवालों ने भी उनका ठिकाना बताने से इनकार कर दिया है।
डीएसपी वत्स ने कहा कि पुलिस का फोकस अब इन फरार अपराधियों को ट्रैक कर गिरफ्तार करने पर है, ताकि जिले में अपराध नियंत्रण की स्थिति को बेहतर बनाया जा सके।
